पिनाहट जिला पंचायत वार्ड 46 में जीत के प्रमाण पत्र को लेकर विवाद, 10 घण्टे चला मामला
Controversy regarding certificate of victory in Pinahat District Panchayat Ward 46
Agra – जिला पंचायत सदस्य के परिणाम आने के बाद विजयी प्रत्याशी कलक्ट्रेट मुख्यालय प्रमाण पत्र के लिए पहुंचे. लेकिन पिनाहट के वार्ड न. 46 के प्रमाण पत्र का मामला 10 घंटे तक विवाद में रहा.
पहले विडियो देखे फिर मामले के बारे में जाने:
क्या था वार्ड न.46 का मामला:
पिनहट ब्लाक के वार्ड न.46 से जिला पंचायत सदस्य के विजयी प्रमाण पत्र को लेकर मामला अटक गया, यहाँ से बीजेपी प्रतियाशी देवेन्द्र प्रसाद (उर्फ़ मुन्ना लम्बरदार) ने अपनी जीत का दावा करते हुए कलक्ट्रेट मुख्यालय पहुँच कर प्रमाणपत्र की मांग की लेकिन उनको विजयी प्रमाण पत्र नहीं दिया गया.
बीजेपी प्रतियाशी देवेन्द्र प्रसाद (उर्फ़ मुन्ना लम्बरदार) ने कहा कि जब मैंने प्रमाणपत्र माँगा तो मुझे अधिकारियो ने कहा कि वार्ड न.46 से अजय शर्मा जीत कर आया है हम उनको प्रमाण पत्र देंगे आपको क्यों दे. तब मैंने कहा की मै जीत कर आया हु, तो मुझे अधिकारी ने कहा की आप नही जीते हो वार्ड न.46 से रिकॉर्ड के अनुसार अजय शर्मा जीत कर आया है उनको ही प्रमाण पत्र दिया जाएगा.
देवेन्द्र प्रसाद (उर्फ़ मुन्ना लम्बरदार) के अनुसार वह आगरा कलक्ट्रेट अधिकारियो से बात करते रहे लेकिन मामला नहीं सुलझा. देवेन्द्र प्रसाद (उर्फ़ मुन्ना लम्बरदार) ने कहा कि वह 8 घंटे तक प्रमाण पत्र के लिए भटकते रहे उसके बाद उन्होंने मामले को बाह बीजेपी विधायक, फतेहपुर सीकरी सांसद और बीजेपी के बरिष्ट नेताओ को मामले की पूरी जानकारी दी. बीजेपी विधायक, सांसद और बीजेपी के बरिष्ट नेता कलक्ट्रेट पहुंचे और उसके बाद सारे मामले को डीएम(DM) से अवगत कराया. अधिकारियो ने कहा कि रिकॉर्ड के अनुसार वार्ड न.46 से अजय शर्मा जीत कर आया है उसके बाद डीएम ने मामले को संघ्यान में लेकर सभी रिकॉर्ड को दुबारा चेक कर मामले को सुलझाया.
10 घंटे तक चले मामले को बीजेपी के वरिष्ट नेताओं के पहुंचने के बाद मामले को डीएम के संघ्यान के बाद सुलझाया गया.
आपको बता दे जिला पंचायत सदस्य वार्ड न.46 से डॉ.अजय शर्मा ने निर्दलीय प्रतियाशी के रूप में और देवेन्द्र प्रसाद (उर्फ़ मुन्ना लम्बरदार) ने बीजेपी प्रतियाशी के रूप में चुनाव लड़ा.



